अयोध्या धामउत्तर प्रदेशधर्म
श्री बृजेश जी महाराज आज के युवाओं के रोल माडल बनते जा रहे हैं

श्री बृजेश जी महाराज आज के युवाओं के रोल माडल बनते जा रहे हैं
अयोध्या धाम
श्रीअयोध्याधाम मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीरामचंद्र जी की पावन नगरी श्री अयोध्या धाम में अग्रहरि परिवार के यजमानत्व में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा का दिव्य कार्यक्रम चल रहा है। रविवार को गाजे बाजे के साथ मुक्ति गली स्वर्ग द्वार से सरयू तट तक कलश यात्रा के साथ कार्यक्रम का शुभारम्भ हुआ। देवी पाटेश्वरी वेद पाठशाला अयोध्या के संस्थापक वेद के मूर्धन्य विद्वान श्री उमेश ओझा जी महाराज के आचार्यत्व में श्रीगणेश पूजन के साथ कथा का शुभारंभ हुआ वहीं कथा वाचक के रूप में श्री राम जानकी गुरुकुलम् सिद्धार्थ नगर के संस्थापक विख्यात आचार्य बेद भूषण बृजेश जी महाराज और वक्ता के रुप में अग्रहरि परिवार, अयोध्या वासियों सहित माघ मेले में आये हुए श्रद्धालुओं को मूल ग्रन्थ के आधार पर श्रीमद्भागवत कथा का श्रवण पान करा रहे हैं। पूज्य महाराज जी ने प्रथम दिवस की कथा में श्लोकों की व्याख्या करते हुए। भक्ति, ज्ञान, वैराग्य आदि के बारे में बिस्तार पूर्वक बताया उन्होंने बताया कि श्रीमदभागवत कथा सुनने मात्र से ही समस्त जन्म- जन्मांतर के पापों का नास होता है धुंधुकारी की प्रेत योनि से मुक्ति की कथा सुनाई। एवं श्रीमदभागवत कथा के श्रोता वक्ता के लक्षण अनुष्ठान विधि आदि पर भी विशेष रूप से प्रकाश डाला वहीं श्रीअयोध्या माहात्म्य, पवित्र माघ माह में तीर्थाटन तथा प्रयाग वास के बारे में भी श्रद्धालुओं को बृतांत सुनाया।

पूज्य महाराज जी कोई साधारण वक्ता नहीं अपितु भक्ति, ज्ञान व वैराग्य को बढ़ाने वाले प्रवचनों के अलावा महान क्रांतिकारी, बिचारक एवं सनातन धर्म संस्कृति के पक्ष मे लगातार मुखर होकर बोलने वाले स्पष्ट वक्ता के साथ साथ श्री राम जानकी गुरुकुलम् पारम्परिक गुरुकुल के संस्थापक/ संचालन के साथ सनातन धर्म संस्कृति के लोगों को एक सूत्र में पिरोने के लिए धर्म रक्षिणी सेना का भी गठन करते हुए अब तक हजारों लोगों को धर्म रक्षिणी सेना के बैनर तले बंग्लादेश में निर्दोष हिन्दूओ को मारे जाने के बिरोध में जगह- जगह बंग्लादेश का पुतला दहन महाराज श्री के द्वारा किया जा चुका है। श्री बृजेश जी महाराज आज के युवाओं के रोल माडल बनते जा रहे हैं।
और सिद्धार्थनगर जनपद में यदि धार्मिक क्रांति का कहीं आहट सुनाई पड़ रहा है। तो वो पूज्य बृजेश जी महाराज के श्रीराम गुरुकुलम एवं संगठन से ही सुनाई दे रही है। महराज जी का आवाहन कि राष्ट्र के युवा पीढ़ी इस राष्ट्रवादी मुहिम से जुड़कर सनातन संस्कृति के मूल सिद्धांतों व परम्पराओं का संरक्षण करने में सहभागी बने।




