अधिवक्ता शिवम शर्मा की पैरवी रंग लाई, कोर्ट ने महाराजगंज पुलिस को एफआईआर दर्ज करने का दिया आदेश

अधिवक्ता शिवम शर्मा की पैरवी रंग लाई, कोर्ट ने महाराजगंज पुलिस को एफआईआर दर्ज करने का दिया आदेश
अयोध्या
अपर सिविल जज (सीनियर डिवीजन)/एसीजेएम, अयोध्या की अदालत ने महाराजगंज थाना क्षेत्र से जुड़े एक प्रकरण में महत्वपूर्ण आदेश पारित करते हुए थाना प्रभारी महाराजगंज को प्रथम सूचना रिपोर्ट (एफआईआर) दर्ज कर विधिक विवेचना सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है।
यह आदेश अरविंद कुमार तिवारी द्वारा भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 173(4) के अंतर्गत प्रस्तुत प्रार्थना पत्र पर सुनवाई के बाद पारित किया गया। प्रार्थना पत्र में आरोप लगाया गया था कि उनके घर में घुसकर मारपीट की गई, गाली-गलौज की गई, जान से मारने की धमकी दी गई तथा घर में रखे सामान के साथ तोड़फोड़ और छेड़छाड़ की गई। शिकायतकर्ता का यह भी कहना था कि घटना की सूचना पुलिस को दिए जाने के बावजूद अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई।
न्यायालय ने प्रार्थना पत्र, उपलब्ध अभिलेखों, चिकित्सकीय दस्तावेजों एवं अन्य प्रस्तुत साक्ष्यों का अवलोकन करने के बाद प्रथम दृष्टया संज्ञेय अपराध का मामला पाया। इसके आधार पर अदालत ने महाराजगंज पुलिस को मामले में एफआईआर दर्ज कर निष्पक्ष विवेचना करने का आदेश दिया।
अदालत ने अपने आदेश में यह भी कहा है कि दर्ज की गई एफआईआर की प्रति निर्धारित अवधि के भीतर न्यायालय में प्रस्तुत की जाए।
वादी पक्ष की ओर से अधिवक्ता शिवम शर्मा ने न्यायालय में प्रभावी पैरवी की। अधिवक्ता शिवम शर्मा द्वारा प्रस्तुत विधिक तथ्यों एवं तर्कों पर विचार करने के उपरांत न्यायालय ने उक्त आदेश पारित किया।
गौरतलब है कि न्यायालय का यह आदेश केवल प्राथमिकी दर्ज कर जांच कराने के संबंध में है। मामले में लगाए गए आरोपों की सत्यता का अंतिम निर्धारण पुलिस विवेचना और आगे की न्यायिक प्रक्रिया के उपरांत ही होगा।




